Latest news
डॉ. निशंक के दिल्ली आवास पर दिग्गजों का मंथन उत्तराखंड में नवाचार आधारित शिक्षा मॉडल के विकास पर फोकस आयुष मंत्री मदन कौशिक ने राष्ट्रीय आयुष मिशन की समीक्षा की कांट्रेक्टर वेलफेयर एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री से मुलाकात के लिए सचिव से लगाई गुहार -मुख्यमंत्री ने किया उत्तराखंड भवन एवं सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड की कई योजनाओं का शुभारंभ मुख्य सचिव ने समन्वित, प्रभावी एवं समयबद्ध आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली स्थापित किए जाने के निर्देश... चकराता में केंद्रीय संचार ब्यूरो का तीन दिवसीय एकीकृत संचार एवं आउटरीच कार्यक्रम संपन्न ‘रन फॉर कारगिल हीरोज’, शौर्य दिवस के अवसर पर कारगिल वीरों को दी जाएगी श्रद्धांजलि अंतर्राष्ट्रीय शतरंज दिवस पर वैदिक ब्लिट्ज शतरंज प्रतियोगिता आयोजित पर्यटन मंत्री महाराज ने पवित्र बौख नाग धाम को पर्यटन स्थल घोषित किया

[t4b-ticker]

Friday, July 24, 2026
Homeउत्तराखण्डकेदारनाथ क्षेत्र रक्षक भुकुंट भैरवनाथ के कपाट शीतकाल के लिए बंद

केदारनाथ क्षेत्र रक्षक भुकुंट भैरवनाथ के कपाट शीतकाल के लिए बंद

रुद्रप्रयाग। बाबा केदारनाथ धाम के क्षेत्र रक्षक भैरवनाथ भगवान के कपाट शीतकाल के लिए बंद हो गये हैं। इसके साथ ही केदारनाथ धाम के कपाट बंद करने की प्रक्रिया भी शुरू हो गयी है। अब 23 अक्टूबर को भगवान केदारनाथ के कपाट बंद किए जाएंगे।
भगवान केदारनाथ के क्षेत्र रक्षक के रूप में पूजे जाने वाले भैरवनाथ भगवान के कपाट विधि विधान से शनिवार को सवा एक बजे बंद किए किए। इससे पहले केदारनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना तथा भोग लगाया गया और बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति मुख्य कार्याधिकारी, केदार सभा तथा पंच पंडा समिति रूद्रपुर ने मंदिर परिसर से कपाट बंद करने को लेकर भैरवनाथ के मंदिर की ओर प्रस्थान किया। केदारनाथ धाम के पुजारी बागेश लिंग, धर्माधिकारी औंकार शुक्ला, वेदपाठी यशोधर मैठाणी तथा तीर्थ पुरोहितों ने पूजा-अर्चना संपंन की। स्थानीय पकवानों तथा रोट का भोग लगाया। हवन यज्ञ के साथ कपाट बंद की प्रक्रिया पूरी की गयी।
हर वर्ष केदारनाथ धाम के कपाट बंद होने से पहले पड़ने वाले शनिवार या मंगलवार को भैरवनाथ के कपाट बंद किए जाते हैं। मान्यता है कि जब केदारनाथ धाम के कपाट बंद रहते हैं तो शीतकाल में भैरवनाथ ही समस्त केदारपुरी की निगरानी करते हैं। हर वर्ष केदारनाथ धाम के कपाट बंद करने से पहले भैरवनाथ के कपाट बंद होते हैं, जबकि केदारनाथ धाम के कपाट खुलने से पहले भैरवनाथ के कपाट खोले जाते हैं। केदारनाथ धाम के कपाट बंद होने की प्रक्रिया शुरू हो गई है और अब भैयादूज के पर्व पर 23 अक्टूबर को भगवान केदारनाथ के कपाट शीतकाल के लिए बंद कर दिए जाएंगे। केदारसभा के अध्यक्ष राजकुमार तिवारी ने बताया कि भगवान भैरवनाथ के कपाट बंद होने के साथ ही अब केदारनाथ धाम के कपाट बंद की तैयारी तथा पंचमुखी डोली की पूजा-अर्चना की तैयारियां शुरू हो गयी। इस अवसर पर बीकेटीसी मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल, बीकेटीसी सदस्य विनीत पोस्ती, केदार सभा अध्यक्ष राजकुमार तिवारी, पूर्व अध्यक्ष विनोद शुक्ला, मंत्री राजेंद्र तिवारी, संतोष त्रिवेदी, भैरवनाथ पश्वा अरविंद शुक्ला, अनिल शुक्ला, अंकित सेमवाल, उमेश पोस्ती,बीकेटीसी प्रभारी अधिकारी केदारनाथ यदुवीर पुष्पवान आदि मौजूद रहे।

RELATED ARTICLES
- Advertisment - 

Most Popular

Recent Comments