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Monday, November 2, 2026
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धर्मस्व मंत्री सतपाल महाराज पहुंचे सिरमौर के शिलाई, पश्मी गांव

विकासनगर/देहरादून। प्रदेश के पर्यटन, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने हिमाचल प्रदेश के जिला सिरमौर के शिलाई अंतर्गत पश्मी गांव में पहुंचकर न्याय के देवता छत्रधारी चालदा महासू महाराज के दर्शन और पूजन कर प्रदेश की सुख शांति और समृद्धि की कामना की। हनोल मंदिर (महासू देवता मंदिर) में रविवार को पूजा-अर्चना कर दो दिवसीय पारंपरिक और धार्मिक जांगड़ा (देवनायणी) राजकीय मेला पर्व का शुभारंभ करने के पश्चात आज दूसरे दिन सोमवार को हिमाचल प्रदेश के जिला सिरमौर के शिलाई अंतर्गत पश्मी गांव में पहुंचकर न्याय के देवता छत्रधारी चालदा महासू महाराज के दर्शन और पूजन कर प्रार्थना करते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड प्रदेश और हमारा देश आगे बढ़े और जो संकट हमारे सामने हैं इन चुनौतियों का सामना करते हुए देश में सुख शांति और समृद्धि की आये।
पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि छत्रधारी चालदा महासू महाराज उत्तराखंड के जौनसार-बावर और हिमाचल के ट्रांस-गिरी क्षेत्र के लाखों लोगों के आराध्य और कुल देवता हैं। इन्हें न्याय का देवता माना जाता है और सदियों से हिमाचल, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के परिवार इनकी पूजा करते आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि यहां बहुत अच्छी व्यवस्थाएं हैं उन्होंने हिमाचल प्रदेश के परिवहन मंत्री को बधाई देते हुए कहा कि हमने स्पेशल बस चलाने के लिए उनसे आग्रह किया था जिसे उन्होंने स्वीकार किया और हनोल के लिए बसों व्यवस्था की।
उल्लेखनीय है कि छत्रधारी चालदा महासू महाराज की यह ऐतिहासिक प्रवास यात्रा उत्तराखंड के दसऊ गांव से शुरू होकर टौंस नदी पार कर लगभग 70 किलोमीटर की 6 दिवसीय पैदल यात्रा के बाद पश्मी पहुंची है। पश्मी गांव में लगभग 2 करोड़ रुपये की लागत से नवनिर्मित भव्य मंदिर में महाराज विधिवत रूप से विराजमान हुए हैं, जहां वे परंपरा के अनुसार एक वर्ष तक प्रवास करेंगे।
इस अवसर पर धर्मस्व मंत्री श्री महाराज ने कहा कि महासू महाराज का पश्मी आगमन पूरे क्षेत्र के लिए सौभाग्य की बात है। उनकी कृपा से क्षेत्र में सुख-समृद्धि और खुशहाली बनी रहेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ऐसे पौराणिक और सांस्कृतिक स्थलों को पर्यटन मानचित्र पर प्रमुखता से विकसित कर रही है, जिससे स्थानीय आस्था के साथ-साथ पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
पश्मी मंदिर पहुंचने पर मंदिर समिति एवं स्थानीय श्रद्धालुओं ने ढोल-दमाऊं और फूल-मालाओं के साथ पर्यटन मंत्री का स्वागत किया। उन्होंने मंदिर परिसर में आयोजित भंडारे और व्यवस्थाओं का भी अवलोकन किया। इस अवसर पर महासू मंदिर समिति के पदाधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासन के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

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