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Saturday, March 7, 2026
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बैसाखी पर्व पर श्रद्धालुओं ने गंगा में लगाई अस्था की डुबकी

हरिद्वार। रविवार को बैसाखी का पर्व  पूरी श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। हरिद्वार में हर की पैड़ी समेत विभिन्न गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी रही। इस पर्व पर श्ऱद्धालुओं  ने गंगा में आस्था की डूबकी लगाई और पूजा अर्चना की।
बैसाखी के अवसर पर गेहूं की फसल तैयार हो जाती है और इसी दिन से फसल कटनी शुरू हो जाती है। जबकि इसी दिन खालसा पंथ की स्थापना भी की गयी थी। इस कारण इस पर्व को  हिंदू व पंजाबी समुदाय में धूमधाम से मनाया जाता है। बैसाखी पर गंगा स्नान का विशेष महत्व माना जाता है। स्नान का महत्व होने से हरिद्वार में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और गंगा स्नान कर पूजा व दान कर पुण्य अर्जित किया। पुलिस प्रशासन द्वारा यात्रियों की सुरक्षा को लेकर भी कड़े इंतेजाम किए गए थे। मेला क्षेत्र को 4 सुपर जोन, 14 जोन और 40 सेक्टर में बांटकर पुलिस बल तैनात किया गया है।
पंडित मनोज त्रिपाठी का कहना है कि बैसाख मास पूरा का पूरा ही महीना बड़ा पुण्यदायी और भगवान को प्रिय है। प्रतिपदा से लेकर अमावस्या तक बैसाख में किसी भी तीर्थ पर जाकर स्नान से बड़ा पुण्य प्राप्त होता है। लोग जिन लोगों ने जीवन में कभी कोई पाप किया हो, उसके जल मात्र में स्नान करने मात्र से पाप नष्ट होने शुरू हो जाते हैं। पुण्य के प्रभाव से व्यक्ति जीवन में सफल होना शुरू हो जाता है, परंतु इस बैसाख संक्रांति का विशेष तौर पर महत्व है, जिसे हम बैसाखी कहते हैं।

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