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Friday, October 23, 2026
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सीबीआई ने उत्तराखंड के एलयूसीसी चिट फंड घोटाले में सरगना सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया

देहरादून। केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने उत्तराखंड के एलयूसीसी चिट फंड घोटाले में देश के विभिन्न स्थानों से सुशील गोखरू तथा 04 अन्य व्यक्तियों, नामतः राजेन्द्र सिंह बिष्ट, तरुण कुमार मौर्य, गौरव रोहिल्ला एवं ममता भंडारी को गिरफ्तार किया है। उल्लेखनीय है किउच्च न्यायालय, उत्तराखंड, नैनीताल पीठ ने वर्ष 2025 में मेसर्स लोनी अर्बन मल्टी स्टेट क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट को-ऑपरेटिव सोसायटी (एलयूसीसी) चिट फंड घोटाले से संबंधित सभी एफआईआर सीबीआई को हस्तांतरित करने के आदेश पारित किए थे। इसके आधार पर सीबीआई ने दिनांक 26.11.2025 को भारतीय दंड संहिता, भारतीय न्याय संहिता, उत्तराखंड निवेशकों के हितों का संरक्षण अधिनियम तथा अनियमित जमा योजनाओं पर प्रतिबंध अधिनियम की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत एलयूसीसी के विभिन्न पदाधिकारियों एवं अन्य व्यक्तियों के विरुद्ध मामला दर्ज किया था।
अब तक की जांच में उत्तराखंड राज्य में आम जनता के अभूतपूर्व स्तर पर शोषण का खुलासा हुआ है, जिसमें बड़ी संख्या में निवेशकों (लगभग 1 लाख से अधिक) को एलयूसीसी की विभिन्न अनियमित जमा योजनाओं में निवेश करने के लिए प्रलोभन दिया गया था। इन जमाकर्ताओं द्वारा किए गए कुल निवेशध्जमा की राशि लगभग 800 करोड़ रुपये आंकी गई है। आंशिक भुगतान किए गए थे, किन्तु धोखाधड़ी की राशि लगभग 400 करोड़ रुपये से अधिक है।
इस मामले की जांच दिन प्रतिदिन के आधार पर की जा रही है तथा तकनीकी निगरानी एवं स्रोत सूचनाओं के आधार पर आरोपियों का पता लगाने और उन्हें गिरफ्तार करने हेतु विशेष टीम गठित की गई है। इस मामले का मुख्य आरोपी समीर अग्रवाल है, जो अपनी पत्नी सानिया अग्रवाल के साथ विदेश फरार हो गया है। सीबीआई ने उनके विरुद्ध नोटिस एवं सर्कुलर जारी किए हैं।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने अपराध से अर्जित धनराशि से कई अचल संपत्तियां अर्जित की थीं। इन संपत्तियों का विवरण सक्षम प्राधिकारी, अर्थात सचिव (वित्त), उत्तराखंड सरकार से साझा किया गया है तथा इन संपत्तियों को फ्रीज करने एवं अनियमित जमा योजनाओं पर प्रतिबंध अधिनियम, 2019 के प्रावधानों के अंतर्गत पीड़ितों को इन्हें वितरित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई करने का अनुरोध किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों को सक्षम न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है।
इस मामले में जांच जारी है।

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