Latest news
अंतर्राष्ट्रीय शतरंज दिवस पर वैदिक ब्लिट्ज शतरंज प्रतियोगिता आयोजित पर्यटन मंत्री महाराज ने पवित्र बौख नाग धाम को पर्यटन स्थल घोषित किया चकराता में ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण)’ कार्यक्रम का शुभारंभ आम महोत्सव में बोले मुख्यमंत्री धामी-किसान उत्तराखंड की सबसे बड़ी ताकत, हरिद्वार बनेगा विकास की नई पह... मुख्यमंत्री धामी से मिलीं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतने वाली उत्तराखंड की महिला मुक्केबाज, मुख्यमं... जल जीवन मिशन की अधूरी परियोजनाएं सर्वोच्च प्राथमिकता से पूरी होंः डीएम कांवड़ यात्रा के सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं सफल आयोजन के लिए सभी तैयारियां समय से पूर्ण करेंः मुख्यमंत... मुख्यमंत्री ने हरिद्वार गंगा कॉरिडोर के अंतर्गत 235 करोड़ रु की परियोजनाओं का किया भूमि पूजन एवं शिला... वन भूमि हस्तांतरण प्रकरणों का समय से करें निस्तारणः महाराज मुख्य सचिव ने उच्च शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक ली

[t4b-ticker]

Thursday, July 23, 2026
Homeउत्तराखण्डअमित शाह ने गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में किया प्रतिभाग

अमित शाह ने गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में किया प्रतिभाग

देहरादून: केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने गुरुवार को देवभूमि उत्तराखंड में गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में बतौर अतिथि प्रतिभाग किया। इस दौरान उन्होने उपाधि प्राप्त करने वाले सभी छात्र-छात्राओं को शुभकामनाएं दी। साथ ही प्रदेश की जनता को रामनवमी की शुभकामनाएं दी।

अमित शाह ने कहा कि मैं देश की जनता और आप सभी को रामनवमी की शुभकामनाएं देता हूं और मुझे पूरा विश्वास है कि अगली रामनवमी पर प्रभु श्री राम अपने भव्यमंदिर के अंदर अयोध्या में विराजमान होंगे। आज आप सभी दीक्षित होकर एक नए जीवन की शुरुआत करने जा रहे हैं तो मैं आप सभी को बधाई देता हूं।

शाह ने आगे छात्र-छात्राओं को समबोधित करते हुए कहा कि आपको इस बात का गर्व होगा आप की शिक्षा दीक्षा इस प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय में हुई। साथ ही उन्होंने प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए स्वामी श्रद्धानंद का आभार प्रकट किया। सभी विद्यार्थियों का आह्वान किया कि वह दयानंद के संदेशों को आत्मसात करते हुए स्वामी श्रद्धानंद के दिखाए रास्ते पर चले।

अमित शाह ने कहा कि देश में बहुत जल्द नई शिक्षा नीति के तहत प्रारंभिक शिक्षा से लेकर उच्च और उत्तम शिक्षा तक मातृ भाषा में शिक्षा प्राप्त करने का अवसर प्रदान करने की दिशा में कार्य हो रहा है। प्रबंधन और तकनीकी शिक्षा भी मातृ भाषा में दी जाएगी। देश में युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा और विश्व स्तर पर हिंदी और भारतीय प्रतिभा का परचम लहराएगा।

RELATED ARTICLES
- Advertisment - 

Most Popular

Recent Comments