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Thursday, July 23, 2026
Homeउत्तराखण्डसतत् विकास लक्ष्य को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से कार्यशाला आयोजित

सतत् विकास लक्ष्य को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से कार्यशाला आयोजित

देहरादून। देहरादून में जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी कार्यालय द्वारा सतत् विकास लक्ष्य को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का शुभारम्भ मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह द्वारा किया गया तदोपरान्त मनोज पंत, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी, सी०पी०पी०जी०जी० नियोजन विभाग, उत्तराखण्ड शासन के द्वारा सतत् विकास लक्ष्यों के बारे में विस्तार से बताया गया। उनके द्वारा यह भी बताया गया कि राष्ट्रीय स्तर पर सतत् विकास लक्ष्य रैंकिंग में 2023-24 के अनुसार उत्तराखण्ड राज्य ने केरल राज्य के साथ प्रथम स्थान प्राप्त किया है जो कि राज्य के लिए प्रशंसनीय है तथा इसी स्थान पर बने रहने के लिए मेहनत की आवश्यकता होगी। कार्यशाला में सी०पी०पी०जी०जी०, नियोजन विभाग देहरादून से आये विशेषज्ञ शैलेन्द्र कुमार ने कहा कि जनपद देहरादून ने राज्य स्तर पर वर्ष 2023-24 में द्वितीय स्थान प्राप्त किया है तथा आगामी वर्षों में प्रथम स्थान प्राप्त करने हेतु और अधिक प्रयास करने की आवश्यकता है।
इस कार्यशाला में पी०एम० गतिशक्ति परियोजना प्रबंधन इकाई के परियोजना प्रबंधक अक्षय जायसवाल ने पी०एम० गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान व इससे सम्बन्धित पोर्टल के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि इस पोर्टल के उपयोग से विभागों को योजनाओं के नियोजन व क्रियान्वयन में काफी सहायता मिलेगी। उनके द्वारा बताया गया कि उक्त पोर्टल में जी०आई०एस० आधारित आंकड़ों व विभिन्न विभागों के डाटा की उपलब्धता के चलते नियोजन व अनुश्रवण की कारगर व्यवस्था बनाने में काफी मदद मिलेगी। विभागों को इसके अधिकाधिक उपयोग पर ध्यान देने के साथ ही विभागीय डाटा को अपडेट कराने में भी सहयोग करना होगा। इस मौके पर सी०पी०पी०जी०जी० नियोजन विभाग से आये विशेषज्ञ करूणाकर सिंह द्वारा भी इससे सम्बन्धित अनेक जानकारी प्रस्तुत की गयी। अन्त में अपर सांख्यिकीय अधिकारी धीरज गुप्ता द्वारा बैठक में आये हुए सभी अधिकारी गणों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कार्यशाला का समापन किया गया। कार्यशाला में मुख्य विकास अधिकारी, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी, सी०पी०पी०जी०जी०, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी, वरिष्ठ परियोजना अधिकारी, उरेडा, सहायक निदेशक, दुग्ध के साथ-साथ अन्य जनपदस्तरीय अधिकारी एवं खण्ड विकास अधिकारी उपस्थित रहे।

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