Latest news
विश्व संस्कृत दिवस से पूर्व, उत्तराखण्ड ने वैश्विक स्तर पर संस्कृत के प्रसार को दिया नया आयाम ऋषिकेश में महिला आयोग का पांच दिवसीय महिला जागरूकता एवं स्वास्थ्य शिविर शुरु सहकारिता में हरियाणा व उत्तराखंड मिलकर करेंगे कामः डाॅ. धन सिंह रावत मुख्य सचिव ने वाह्य सहायतित परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की बुजुर्ग-दिव्यांगों के घर जाएंगे बीएलओ, करेंगे नोटिसों का निस्तारण एमडीडीए बोर्ड बैठक में 25 विकास प्रस्तावों को मिली मंजूरी, देहरादून-मसूरी के नियोजित विकास को मिलेगी... मुख्यमंत्री के दिशा-निर्देशों में पीएम आवास योजना (शहरी) की प्रगति की हुई समीक्षा मुख्य सचिव ने वाह्य सहायतित परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की भाजपा परिवार ने धार्मिक अनुष्ठान एवं सेवा भाव कार्यक्रमों संग मनाया प्रदेश अध्यक्ष का जन्मदिन संवाद ही हर समस्या के समाधान का सबसे प्रभावी माध्यमः राज्यपाल

[t4b-ticker]

Friday, August 7, 2026
Homeउत्तराखण्डएसजीआरआर स्कूल की प्रधानाचार्य निलंबित

एसजीआरआर स्कूल की प्रधानाचार्य निलंबित

देहरादून। श्री गुरू राम राय पब्लिक स्कूल, ईसी रोड़, देहरादून के प्रबंधन ने स्कूल की प्रधानाचार्य शैला जोशी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों का अनुपालन न करने और अभिभावकों से दुर्व्यहार के आरोप में स्कूल प्रबंधन ने आगे की जांच तक प्रधानाचार्य के निलंबन का आदेश जारी किया है। प्रधानाचार्य को विद्यालय प्रमुख होने के नाते अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों का पालन न करने को गंभीर चूक बताते हुए स्कूल प्रबंधन ने प्रशासनिक अनुशासन बनाए रखने और विद्यालय के सुचारू संचालन सुनिश्चित करने हेतु मामले की जांच को आवश्यक बताया है। बताया कि निलंबन की अवधि के दौरान प्रधानाचार्य को निर्वाह भत्ता दिया जाएगा। प्रधानाचार्य को एसजीआरआर पब्लिक स्कूल कालिदास रोड़, देहरादून में उपस्थित रहकर जांच में सहयोग करना होगा। प्रधानाचार्य को स्कूल का कार्यभार, दस्तावेज, उपकरण और चाबियां कुमारेशा शर्मा को सौंपने के निर्देश भी दिए गए है।
दरअसल, निर्वतमान प्रधानाचार्य शैला जोशी ने अपने ही स्कूल एसजीआरआर से 8वीं कक्षा उर्त्तीण करने वाले एक छात्र को 9वीं कक्षा में प्रवेश देने से मना किया गया और अभिभावक पर अपने बच्चे को अन्यत्र स्कूल में प्रवेश दिलाने का अनावश्यक दबाव डाला गया। इस पर अभिभावक ने मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय में शिकायत दर्ज की थी। अभिभावक ने शिकायती पत्र में बताया कि विद्यालय उसके निवास स्थान के निकट होने के कारण वो अपने बच्चे को उसी स्कूल में पढाना चाहते है। इसके अलावा कतिपय अन्य अभिभावकों ने भी मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय को प्रधानाचार्य द्वारा उनके साथ दुर्व्यवहार करने की शिकायत दर्ज की थी। शिकायतों का संज्ञान लेते हुए मुख्य शिक्षा अधिकारी वीके ढ़ौडियाल ने प्रधानाचार्य से छात्र को उसी विद्यालय में प्रवेश दिलाने के निर्देश दिए थे। लेकिन प्रधानाचार्य ने उक्त निर्देशों का अनुपालन नही किया। इस पर मुख्य शिक्षा अधिकारी ने प्रधानाचार्य को सुनवाई के लिए अपने कार्यालय बुलाया। इस पर भी प्रधानाचार्य उपस्थित नहीं हुई। प्रधानाचार्य से दूरभाष पर संपर्क करने पर भी उनके द्वारा संतोषजनक वार्ता नहीं की गई। मुख्य शिक्षा अधिकारी ने स्कूल प्रबंधन से किसी अन्य व्यक्ति को प्रधानाचार्य पद पर तैनात करने, विद्यालय में अध्ययनरत छात्रों के अभिभावकों पर अनावश्यक दबाव न बनाने और 8वीं कक्षा उर्त्तीण करने वाले छात्र को 9वीं कक्षा में प्रवेश दिलाने हेतु आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए थे। ताकि छात्र-छात्राओं के पठन पाठन पर कोई प्रतिकूल प्रभाव न पडे। इस पर स्कूल प्रबंधन ने कार्रवाई करते हुए प्रधानाचार्य के खिलाफ जांच बैठते हुए तत्काल प्रभाव से प्रधानाचार्य को निलंबित कर दिया है।

RELATED ARTICLES
- Advertisment - 

Most Popular

Recent Comments