Latest news
विरासत कला उत्सव में सजी शास्त्रीय नृत्य की अनुपम छटा, लेखक गाँव में झूमे दर्शक चार धाम तीर्थयात्रियों को मिलेगा मजबूत स्वास्थ्य कवचः डॉ. धन सिंह रावत मुख्यमंत्री ने 63 सफाई निरीक्षकों को प्रदान किए नियुक्ति पत्र भारत के श्रेष्ठ खिलाड़ियों को 21 मार्च को सम्मानित किया जाएगा मुख्यमंत्री घोषणाओं के कार्यों को शीघ्र पूर्ण करें, लंबित परियोजनाओं पर 15 दिन में निर्णय लेंः मुख्य... मुख्यमंत्री ने किया अन्तराष्ट्रीय योग महोत्सव का शुभारम्भ जनता दर्शन कार्यक्रम में 162 शिकायतें दर्ज हुईं, समयबद्ध निस्तारण के निर्देश हेमकुंड साहिब के कपाट 23 मई को खुलेंगे सूबे में शत-प्रतिशत गर्भवती महिलाओें की होगी अल्ट्रासोनोग्राफी जांचः डॉ. धन सिंह रावत दून में अंतरराष्ट्रीय जूनियर टेनिस टूर्नामेंट शुरू, खेल मंत्री रेखा आर्या ने किया उद्घाटन

[t4b-ticker]

Tuesday, March 17, 2026
Homeउत्तराखण्डपांडुकेश्वर के लिए रवाना गाडू घड़ा, सेना के बैंड ने बांधा समा

पांडुकेश्वर के लिए रवाना गाडू घड़ा, सेना के बैंड ने बांधा समा

देहरादून। 30 अपैल को गंगोत्री, यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने से चारधाम यात्रा की शुरुआत हुई।  2 मई को बाबा केदारनाथ के कपाट विधि विधान से खोले गये। इसके बाद अब 4 मई को बदरीनाथ धाम के कपाट खोले जायेंगे।
बदरीनाथ धाम के कपाट रविवार 4 मई सुबह 6 बजे श्रद्धालुओं के लिए दर्शनार्थ खोले जाएंगे। उससे पहले शुक्रवार 2 मई को पूर्वाह्न साढ़े दस बजे गाडू घड़ा, रावल अमरनाथ नंबूदरी सहित, आदि गुरु शंकराचार्य गद्दी एवं गरूड़ जी नृसिंह मंदिर परिसर में पूजा-अर्चना पश्चात नृसिंह मंदिर जोशीमठ से सेना के बैंड की भक्तिमय उदघोष के साथ प्रथम पड़ाव पांडुकेश्वर प्रवास के लिए रवान हुआ। भगवान बदरीविशाल के वाहन गरूड़ जी महाराज को इस बार मंदिर समिति ने हक हकूकधारियों के सहयोग से पूजा-अर्चना पश्चात भव्य समारोह पूर्वक बदरीनाथ धाम के लिए प्रस्थान कराया। इस बार ऐतिहासिक रूप से पहली बार भगवान नारायण हरि के वाहन गरूड़ जी समारोह पूर्वक धाम को रवाना हुए। जिस कारण श्रद्धालुओं में अधिक उत्साह देखा गया। इस अवसर पर हजारों श्रद्धालुओं ने गरूड़ जी की डोली सहित आदि गुरु शंकराचार्य जी की गद्दी एवं रावल जी को बदरीनाथ धाम के लिए विदा किया। अपने संदेश में मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल ने श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दी हैं।
बीकेटीसी मीडिया प्रभारी हरीश गौड़ ने नृसिंह मंदिर ज्योर्तिमठ से बताया कि शनिवार 3 मई शाम को सभी देव डोलियां श्री गरूड़ जी, आदिगुरु शंकराचार्य गद्दी एवं रावल सहित पांडुकेश्वर से उद्धव जी कुबेर जी, गाडू घड़ा, आदि गुरु शंकराचार्य जी की गद्दी एवं रावल जी बदरीनाथ धाम को पहुंचेगी। रविवार 4 मई प्रातः 6 बजे बदरीनाथ धाम के कपाट दर्शनार्थ खुलेंगे।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments