Latest news
महाराज ने की नवनियुक्त राज्यपाल से शिष्टाचार भेंट अब खुली मिठाई पर भी लिखनी होगी निर्माण और एक्सपायरी डेट, 26 अक्टूबर से उत्तराखंड में नया नियम लागू देहरादून में 23 अक्टूबर से ईवीएम की तकनीकी जांच, डीएम ने राजनीतिक दलों से मांगा सहयोग विधानसभा चुनाव को देखते हुए देहरादून जिला प्रशासन अलर्ट, नोडल अधिकारी तैनात डॉ. ढाल सिंह बिसेन ने उत्तराखण्ड के राज्यपाल पद की शपथ ली चुनावी चिंता छोड़, विपक्ष अंतिम सत्र में सकारात्मक रुख के साथ करे प्रतिभागः महेंद्र भट्ट ऋतु खंडूड़ी भूषण की विद्युत उपकेंद्र स्थापित किए जाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल राज्यपाल ने अपने जीवन पर आधारित पुस्तक ‘‘अनथक युयुत्सा’’ का विमोचन किया मुख्यमंत्री ने चम्पावत को दी लगभग 96 करोड़ रुपये की 16 विकास योजनाओं की सौगात मुख्यमंत्री से अंतरराष्ट्रीय फिल्म निर्माताओं के प्रतिनिधिमंडल ने की भेंट

[t4b-ticker]

Tuesday, October 20, 2026
Homeउत्तराखण्डअब खुली मिठाई पर भी लिखनी होगी निर्माण और एक्सपायरी डेट, 26...

अब खुली मिठाई पर भी लिखनी होगी निर्माण और एक्सपायरी डेट, 26 अक्टूबर से उत्तराखंड में नया नियम लागू

देहरादून। उत्तराखंड में अब मिठाई की दुकानों पर खुली मिठाइयां बेचने वाले कारोबारियों को भी निर्माण तिथि और एक्सपायरी डेट प्रदर्शित करनी होगी। खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य और खाद्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। 26 अक्टूबर 2026 से राज्य में बिक्री के लिए रखी जाने वाली खुली मिठाइयों और बेकरी उत्पादों के काउंटर तथा ट्रे पर निर्माण की तिथि और अवसान तिथि यानी एक्सपायरी डेट अथवा यूज बाई डेट प्रदर्शित करना अनिवार्य होगा। खाद्य संरक्षा आयुक्त विनय शंकर पांडेय ने इस संबंध में आदेश जारी किए हैं। इस निर्णय से मिठाई खरीदने वाले उपभोक्ताओं को उत्पाद की ताजगी और उसकी उपयोग अवधि के बारे में जानकारी मिल सकेगी। अब तक पैकेट में बिकने वाली मिठाइयों पर निर्माण तिथि और उपयोग अवधि संबंधी जानकारी अंकित करना अनिवार्य था, लेकिन खुली मिठाइयों और बेकरी उत्पादों के लिए इस तरह का स्पष्ट अनिवार्य प्रावधान नहीं था।
निरीक्षण के दौरान सामने आई थी समस्या
खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन की ओर से मिठाई प्रतिष्ठानों में की गई प्रवर्तन एवं निरीक्षण कार्रवाई के दौरान यह बात सामने आई कि उपभोक्ताओं को खुली मिठाइयों की निर्माण तिथि और उनके उपयोग की अंतिम तिथि की जानकारी नहीं मिल पा रही थी। दुकानों में मिठाइयां बिक्री के लिए तो प्रदर्शित की जाती थीं, लेकिन उन्हें कब बनाया गया और कितने समय तक उनका उपयोग किया जा सकता है, इसकी जानकारी उपभोक्ताओं के लिए उपलब्ध नहीं होती थी।विभाग के अनुसार, मिठाई और बेकरी उत्पादों की उपयोग अवधि उनकी प्रकृति के अनुसार अलग-अलग होती है। कुछ उत्पादों की उपयोग अवधि केवल एक दिन होती है, जबकि कुछ उत्पाद 30 दिन तक उपयोग योग्य रह सकते हैं। ऐसे में उत्पाद की प्रकृति और ताजगी के अनुरूप उसकी उपयोग अवधि की जानकारी होना जरूरी है।
मिठाई की ट्रे पर दिखानी होगी तारीख
नए आदेश के तहत दुकानदारों को बिक्री के लिए रखी खुली मिठाइयों और बेकरी उत्पादों के काउंटर या ट्रे पर निर्माण की तिथि तथा एक्सपायरी डेट अथवा यूज बाई डेट स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करनी होगी। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ग्राहक मिठाई खरीदते समय उसके निर्माण और उपयोग की अवधि के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकें। यह व्यवस्था केवल किसी एक शहर तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि उत्तराखंड राज्य की सीमाओं में लागू होगी। इससे मिठाई एवं बेकरी कारोबार से जुड़े खाद्य कारोबारकर्ताओं को निर्धारित व्यवस्था के अनुसार अपने प्रतिष्ठानों में जानकारी प्रदर्शित करनी होगी।
खाद्य सुरक्षा कानून के तहत लिया गया निर्णय
एफडीए ने यह निर्णय खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 18(1)(ं) और धारा 30(2)(क) में निहित प्रावधानों के दृष्टिगत लिया है। इन प्रावधानों में उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा, मानव स्वास्थ्य के संरक्षण तथा खाद्य सुरक्षा मानकों के प्रभावी और पारदर्शी क्रियान्वयन पर जोर दिया गया है। विभाग का मानना है कि निर्माण तिथि और उपयोग की अंतिम तिथि की जानकारी मिलने से उपभोक्ता अधिक जागरूक होकर खरीदारी कर सकेंगे। साथ ही खाद्य कारोबार में पारदर्शिता बढ़ेगी और मिठाई की गुणवत्ता एवं ताजगी को लेकर उपभोक्ताओं के हितों की बेहतर सुरक्षा हो सकेगी।
त्योहारों और शादी के सीजन में अहम फैसला
मिठाइयों की खरीदारी त्योहारों, पारिवारिक आयोजनों और शादी-विवाह के सीजन में बढ़ जाती है। ऐसे समय में बड़ी मात्रा में मिठाइयां तैयार कर बिक्री के लिए रखी जाती हैं। ऐसे में खुली मिठाइयों पर निर्माण और एक्सपायरी डेट प्रदर्शित करने की व्यवस्था उपभोक्ताओं के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। 26 अक्टूबर से लागू होने वाली इस व्यवस्था के तहत दुकानदारों को अब केवल मिठाई की कीमत और किस्म ही नहीं, बल्कि उसकी निर्माण तिथि और उपयोग की अंतिम तिथि की जानकारी भी ग्राहकों के सामने रखनी होगी।
आयुक्त विनय शंकर पांडेय का बयान
एफडीए। आयुक्त विनय शंकर पांडेय ने कहा कि उपभोक्ताओं के हितों और जनस्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए खुली मिठाइयों एवं बेकरी उत्पादों पर निर्माण तिथि और एक्सपायरी डेट अथवा यूज बाई डेट प्रदर्शित करना अनिवार्य किया गया है। निरीक्षण के दौरान यह सामने आया था कि उपभोक्ताओं को इन उत्पादों के निर्माण और उपयोग की अवधि की जानकारी नहीं मिल पा रही थी। मिठाइयों की उपयोग अवधि उनकी प्रकृति के अनुसार अलग-अलग होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए 26 अक्टूबर 2026 से यह व्यवस्था पूरे उत्तराखंड में लागू की जा रही है, ताकि उपभोक्ता जागरूक होकर सुरक्षित खाद्य पदार्थों का चयन कर सकें।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments