Latest news
सीएम के निर्देश पर गुलरघाटी राजकीय अन्न भण्डारण अनियमितता पर डीएम का विशेष शक्तियों अन्तर्गत सख्त प्... मृदा एवं जल संरक्षण संस्थान ने वन सेवा प्रशिक्षुओं के लिए आयोजित किया प्रशिक्षण कार्यक्रम खनन मामले में हाईकोर्ट में पेश हुए खनन सचिव, अगली सुनवाई 15 अपै्रल को मियांवाला का नाम रामजीवाला किए जाने पर सीएम का आभार व्यक्त किया यंग उत्तराखंड के सदस्यों ने सीएम धामी से की भेंट 30 सालों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए जलापूर्ति की कार्ययोजना बनाई जाएः मुख्यमंत्री संरक्षित पशु को काटने के आरोप में छह गिरफ्तार मुख्य सचिव ने विभिन्न विषयों पर शहरी विकास एवं सिंचाई विभाग के साथ बैठक की श्रमिकों के हितों की सुरक्षा करना उनकी सरकार की प्राथमिकताः सीएम धामी बेकाबू बस अनियंत्रित होकर क्लीनिक में घुसी, कई यात्री घायल

[t4b-ticker]

Friday, April 4, 2025
Homeउत्तराखण्डविदेशों में रोजगार अवसरों का लाभ उठाएं उत्तराखंड के युवा

विदेशों में रोजगार अवसरों का लाभ उठाएं उत्तराखंड के युवा

देहरादून। अन्तर्राष्ट्रीय प्रवासी उत्तराखंडी सम्मेलन के तीसरे सत्र में कौशल विकास और विदेश में रोजगार की संभावना पर विचार विमर्श किया गया। उच्च शिक्षा सचिव डॉ. रंजीत कुमार सिन्हा ने सत्र की विषय वस्तु रखते हुए बताया कि सरकार उत्तराखंड के युवाओं के कौशल विकास पर जोर दे रही है। आईटीआई में उद्योगों की जरूरत के अनुसार रोजगार परख कोर्स संचालित किए जा रहे हैं। साथ ही राज्य में नई शिक्षा नीति भी लागू कर दी गई है। ब्रिटिश यूनिवर्सिटी वियतनाम, में हेड एकेडमिक क्वालिटी प्रोफेसर डॉ ज्योत्सना घिल्डियाल बिजल्वाण ने कहा कि हमारे युवा आज भी उच्च शिक्षा के लिए बाहर जा रहे हैं, यह एक तरह से प्रतिभा पलायन है। उन्होंने कहा कि प्रतिभा में आगे होने के बावजूद, हमारे युवा भाषा के स्तर पर पिछड़ रहे हैं, साथ ही हमारे शिक्षण संस्थान अब भी ग्लोबल स्टैंडर्ड से पीछे हैं। इसे ठीक किया जाना होगा। आईआईटी दिल्ली के प्रो एसके साहा ने कहा कि तकनीकी का प्रयोग, गांवों के विकास में किया जाना चाहिए। ब्रिटिश यूनिवर्सिटी वियतनाम में एआई के प्रोफेसर अंचित बिजल्वाण ने कहा कि ज्यादातर विदेशी शिक्षण संस्थान प्रोजेक्ट आधारित शिक्षण करवा रहे हैं, भारत में भी शिक्षण प्रणाली को बदलना होगा।
विदेश के नियम कायदे भी बताएंः यूएई से आए प्रवासी उत्तराखंडी गिरीश पंत ने कहा कि विदेश में रोजगार के लिए स्किल के साथ ही युवाओं को संबंधित देश के नियम कायदों की भी सही जानकारी देनी चाहिए। खासकर जालसाजों के जरिए, विदेश जाने की प्रवृत्ति के खतरों के प्रति हमें लोगों को उजागर करना होगा। कौशल विकास विभाग में विदेश रोजगार प्रकोष्ठ की कॉर्डिनेटर चंद्रकांता ने बताया कि प्रदेश सरकार युवाओं को विदेश में रोजगार प्राप्त करने के लिए प्रशिक्षण दे रही है। इसके तहत जापान में कई युवाओं को रोजगार प्रदान किया जा चुका है। अब जर्मनी और ब्रिटेन में रोजगार के लिए प्रशिक्षण दिया जा रहा है। भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान (ईडीआईआई) अहमदाबाद के डॉ अमित द्विवेदी ने कहा कि संस्थान युवाओं में उद्यमिता विकास के लिए हर तरह से प्रशिक्षण और सहायता दे रहा है।
स्टार्टअप में निवेश करें प्रवासीः आईआईटी रुड़की के प्रो. आजम खान ने कहा कि आज उत्तराखंड में स्टार्टअप के लिए बहुत संभावना हैं। इसमें प्रवासी समुदाय मदद कर सकता है। खासकर स्टार्टअप के मैंटोरशिप में प्रवासी मददगार हो सकते हैं सनफौक्स टेक्नोलॉजी के सह संस्थापक रजत जैन ने कहा कि उत्तराखंड में स्टार्टअप के लिए शानदार ईको सिस्टम है, युवाओं को इसका लाभ उठाना चाहिए। सत्र का संचालन दून विवि की वीसी प्रो सुरेखा डंगवाल ने किया।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments