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Thursday, October 22, 2026
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वृक्षमित्र डॉ सोनी ने पौधा लगाकर दिया गौरैया पक्षी के संरक्षण का संदेश

ऋषिकेश। राजकीय बालिका इंटर कॉलेज ऋषिकेश में उत्तराखंड विद्यालीय शिक्षा परिषद की अंतिम प्रश्नपत्र के समाप्ति पर गौरैया संरक्षण दिवस के अवसर पर प्रधानाचार्या रचना अग्रवाल की अध्यक्षता में तथा पर्यावरणविद् वृक्षमित्र डा त्रिलोक चंद्र सोनी के नेतृत्व में विद्यालय परिसर में विभिन्न प्रजाति के पौधों का रोपण किया तथा चैत्र नवरात्रि के अवसर पर डा सोनी ने विद्यालय के प्रधानाचार्या सहित दस बद्रीनाथ के तुलसी के पौधे शिक्षिकाओं को उपहार में भेंट किये। प्रधानाचार्या रचना अग्रवाल ने कहा पौधा लगाने का जिम्मा हर व्यक्ति का होना चाहिए तभी पर्यावरण का संरक्षण होगा। बोर्ड परीक्षाओं का अंतिम प्रश्नपत्र था हमने वृक्षमित्र डा सोनी के सहयोग से विद्यालय परिसर में पौधों का रोपण किया। गौरैया हमारे परिवार के सदस्य हुआ करता था आज बहुत कम मात्रा में ये चिड़ियाएं दिख रहे हैं हमें इन्हे बचाने का संकल्प लेना होगा।
वर्षो से पर्यावरण संरक्षण, पौधारोपण तथा पौधा उपहार में देने के क्षेत्र में कार्य कर रहे वृक्षमित्र डा त्रिलोक चंद्र सोनी कहते है गांव में हमारे घर के आंगन में पौधे लगे होते थे जिसमे गौरैया (घिनोडू) बैठकर अपने तराने सुनाते थे। पहले के समय में गौरैया घड़ी का संकेत अपने चहचहाट से रात खुलने का एहसास कराती थी। हमारे पूर्वज गौरैया के संरक्षण के लिए अपने घरो के खोली में इनके रहने के घर बनाते थे जहां वें अपने बच्चे देते थे आज सीमेंटेड के पक्के मकानों के बनने से गौरैया के घर उजड़ गए हैं और तकनीकी डिजिटल की दुनिया में मोबाईल के टावर व अन्य उपकरण लगाए जा रहे हैं इनसे निकलने वाले तरंगे कही ना कही इन्हे नुकसान पहुंचा रहे होंगे जिस कारण पक्षियों की तादात में कमी दिखाई दे रही है। डा सोनी ने गौरैया संरक्षण दिवस पर पौधारोपण कर उन्हें संरक्षित करने का संकल्प लिया है। कार्यक्रम में ऋचारानी, मीनाक्षी बुटोला, नेहा पंचभैय्या, मीना आहूजा, सोनिया, बद्री प्रसाद सती, अनूप वशिष्ठ, किरन, दीप्ति पोखरियाल, आरती बडोनी, जीतलाल साह, प्रकाश स्वरूप तिवाड़ी, देव बहादुर थापा, दिलीप बिष्ट आदि मौजूद थे।

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