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Thursday, July 23, 2026
Homeउत्तराखण्डरुद्रप्रयाग जिले में 1840 राशन कार्ड निरस्त, अपात्रों से होगी वसूली

रुद्रप्रयाग जिले में 1840 राशन कार्ड निरस्त, अपात्रों से होगी वसूली

देहरादून। उत्तराखंड में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना और राज्य खाद्य योजना के अंतर्गत जारी राशन कार्डों का सत्यापन किया जा रहा है। रुद्रप्रयाग में भी बड़ी तेजी और पारदर्शिता के साथ सत्यापन चल रहा है। जिला पूर्ति विभाग की मानें तो 8 अगस्त से 20 अगस्त के बीच 15,495 राशन कार्डों का सत्यापन किया गया। इनमें अब तक 1,840 कार्डों को अपात्र घोषित कर हटाया जा चुका है। गुरूवार को रुद्रप्रयाग जिलाधिकारी प्रतीक जैन की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में कार्य की प्रगति का अवलोकन किया गया। डीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि डोर-टू-डोर सत्यापन प्रक्रिया को और ज्यादा तेजी से चलाया जाए। ताकि जिले में पात्र लाभार्थियों की पहचान तेजी से की जा सके। डीएम प्रतीक जैन ने मुख्य विकास अधिकारी को पूरे सत्यापन ड्राइव की सख्त मॉनिटरिंग करने के साथ खंड विकास अधिकारियों के माध्यम से सत्यापन करने निर्देश दिए हैं। उन्होंने ये भी स्पष्ट किया कि पात्र लोगों को ही राशन कार्ड आवंटित किए जाएं और किसी भी स्तर पर लापरवाही या अपात्रों को लाभ पहुंचाने की स्थिति बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिला पूर्ति अधिकारी केएस कोहली ने कहा कि जो परिवार अब इन योजनाओं की पात्रता की सीमा में नहीं आते, वे स्वेच्छा से अपने राशन कार्ड सरेंडर कर दें। ऐसा न करने और अपात्र पाए जाने पर उनके खिलाफ राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम 2013 एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।साथ ही जो राशन उन्हें वितरित की जा चुकी है, वसूली भी बाजार दर पर उनसे की जाएगी।
उन्होंने बताया कि सत्यापन का कार्य गांवों और शहरी क्षेत्रों में गठित विशेष टीमों की ओर से किया जा रहा है, जो घर-घर जाकर प्रत्येक राशन कार्ड धारकों की जानकारी जुटा रही हैं। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजनाके तहत जिनकी मासिक आय 15,000 रुपये से कम है, उन्हें ही पात्र माना जाता है। जबकि राज्य खाद्य योजना के तहत 5 लाख रुपये वार्षिक आय की सीमा तय की गई है।
जिला पूर्ति अधिकारी केएस कोहली ने बताया कि यह अभियान जनहित में चलाया जा रहा है। ताकि सरकार की खाद्य सुरक्षा योजनाओं का वास्तविक लाभ सही लोगों तक पहुंचे और अपात्रों की पहचान कर योजनाओं में पारदर्शिता लाई जा सके। सीएम धामी दिखा चुके सख्त रुखरू बता दें कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी जिलाधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में जिन लोगों ने गलत तरीके से राशन कार्ड, आधार कार्ड, वोटर आईडी, आयुष्मान कार्ड या अन्य दस्तावेज बनाए हैं, साथ ही ऐसे कार्ड बनाने में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। सत्यापन के दौरान सफेद और गुलाबी राशन कार्ड धारकों को लेकर भी बड़े खुलासे हो चुके हैं। कई लोग ऐसे पाए गए हैं, जिन्होंने अपात्र होते हुए भी सफेद और गुलाबी राशन कार्ड का लाभ लिया है। ऐसे लोगों के खिलाफ अब संबंधित विभाग कार्रवाई करने जा रहा है।

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