Latest news
सीएम के निर्देश पर गुलरघाटी राजकीय अन्न भण्डारण अनियमितता पर डीएम का विशेष शक्तियों अन्तर्गत सख्त प्... मृदा एवं जल संरक्षण संस्थान ने वन सेवा प्रशिक्षुओं के लिए आयोजित किया प्रशिक्षण कार्यक्रम खनन मामले में हाईकोर्ट में पेश हुए खनन सचिव, अगली सुनवाई 15 अपै्रल को मियांवाला का नाम रामजीवाला किए जाने पर सीएम का आभार व्यक्त किया यंग उत्तराखंड के सदस्यों ने सीएम धामी से की भेंट 30 सालों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए जलापूर्ति की कार्ययोजना बनाई जाएः मुख्यमंत्री संरक्षित पशु को काटने के आरोप में छह गिरफ्तार मुख्य सचिव ने विभिन्न विषयों पर शहरी विकास एवं सिंचाई विभाग के साथ बैठक की श्रमिकों के हितों की सुरक्षा करना उनकी सरकार की प्राथमिकताः सीएम धामी बेकाबू बस अनियंत्रित होकर क्लीनिक में घुसी, कई यात्री घायल

[t4b-ticker]

Friday, April 4, 2025
Homeअपराधरिजार्ट युवती मौत प्रकरणः पोस्टमार्टम रिपोर्ट न देने पर ग्रामीणों में आक्रोश,...

रिजार्ट युवती मौत प्रकरणः पोस्टमार्टम रिपोर्ट न देने पर ग्रामीणों में आक्रोश, सीओ व सीएमएस का घेराव

उत्तरकाशी: संगमचटृी के पास कफनौल गांव के रिजार्ट में युवती की संदिग्ध मौत के मामले को लेकर क्षेत्र वासियों में भारी आक्रोश है। शनिवार को भी सैकड़ो की संख्या में ग्रामीणों ने अस्पताल में डेरा डाले रखा। मृतक युवती की पोस्टमार्टम की रिपोर्ट को सार्वजनिक न करने से ग्रामीणों में भारी गुस्सा देखने को मिला है।। शनिवार को ग्रामीणों ने जिला अस्पताल में सीओ और सीएमएस का घेराव कर उनके खिलाफ जबरदस्त प्रदर्शन और नारेबाजी की। ग्रामीणों का आरोप है कि युवती की मौत प्रकरण को दबाने का प्रयास किया जा रहा है।

शुक्रवार सुबह कफनौल रिजार्ट में काम करने वाली 19 वर्षीय युवती अमृता का संदिग्ध हालत में शव फंदे पर लटका मिला था। ग्रामीणों का आरोप है कि   हत्या के बाद उसका शव लटकाया गया है। बीते रोज पुलिस ने किसी तरह ग्रामीणों को समझा कर शव अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया था। इसके बाद रात 8 बजे शव का पोस्टमार्टम किया गया लेकिन पोस्टमार्टम की रिपोर्ट दोपहर तक भी परिजनों को नहीं सौंपी गई।

अस्पताल के डॉक्टरों व पुलिस द्वारा भी परिजनों और क्षेत्र वासियों को कुछ नहीं बताया गया। ग्रामीणों कहना है कि जब पोस्टमार्टम रात को हो चुका तो फिर उसकी रिपोर्ट क्यों नहीं दी जा रही है। पुलिस और अस्पताल पर तथ्यों को छुपाने का आरोप लगाते हुए उन्होने यह साफ कर दिया है कि जब तक उन्हें पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं दी जाएगी और यह नहीं बताया जाएगा कि अमृता की मौत का क्या कारण है, व आरोपियों के खिलाफ कार्यवाही नहीं की जाएगी तब तक वह न अमृता का शव लेकर जाएंगे और न ही उसका अंतिम संस्कार करेंगे।

ग्रामीणों का आरोप है कि अमृता की भी अंकिता की तरह हत्या की गई है। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ गिरफ्तारी की कार्यवाही और उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। इस मामले में बीते रोज पुलिस ने  दो लोगों को हिरासत में लिया गया था और उनसे पूछताछ भी की गई थी लेकिन पुलिस या जिला अस्पताल प्रशासन इस बारे में कुछ भी जानकारी नहीं दे रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या है या पूछताछ में क्या कुछ पता चला है इसकी जानकारी न मिलने से लोगों में भारी नाराजगी है

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments