Latest news
नंदा देवी बायोमॉनिटरिंग एक्सपीडिशन हिमालयी जैव विविधता संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण पहलः उनियाल न्याय व्यवस्था को अधिक समावेशी, सुलभ और सुदृढ़ बनाने में ‘‘जूडिशियम 2.0’’ महत्वपूर्ण पहलः मुख्यमंत्री देहरादून की 30 होनहार बेटियों को मिला नई उड़ान का अवसर एसआईआर की शुरुआत, सोमवार से मतदाताओं को बीएलओ घर-घर बांटेंगे गणना फार्म कृषि मंत्री गणेश जोशी ने किसानों से वैज्ञानिक एवं प्राकृतिक खेती अपनाने का किया आह्वान नरेंद्रनगर पालिका चुनाव का प्रचार थमा, मंत्री सुबोध उनियाल ने भाजपा सभासद प्रत्याशियों के समर्थन में... अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के सफल आयोजन को तैयारियां तेज स्मार्ट सिटी परियोजनाओं की प्रगति, हैंडओवर की स्थिति एवं संचालन-अनुरक्षण कार्यों की डीएम ने की समीक्... उत्तरांचल प्रेस क्लब के स्वास्थ्य शिविर में 142 पत्रकारों ने कराया स्वास्थ्य परीक्षण उत्तराखण्ड में बीएलओ को मिलेगा एक माह के मोबाइल रिचार्ज का भुगतान

[t4b-ticker]

Monday, June 8, 2026
Homeउत्तराखण्डरक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने किया सैनिक स्कूल घोड़ाखाल का दौरा

रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने किया सैनिक स्कूल घोड़ाखाल का दौरा

देहरादून। सैनिक स्कूल घोड़ाखाल को रक्षा राज्य मंत्री (आरआरएम) संजय सेठ की मेज़बानी का विशेष सम्मान प्राप्त हुआ। यह दौरा एक महत्वपूर्ण अवसर था, जिसने संस्थान की प्रतिबद्धता को सशक्त किया, जिसमें कैडेटों के बीच नेतृत्व और उत्कृष्टता को बढ़ावा देने की दिशा में किए गए प्रयासों को और मजबूती मिली। स्कूल के प्रिंसिपल, ग्रुप कैप्टन विजय सिंह डंगवाल, स्टाफ और कैडेटों ने आरआरएम का गर्मजोशी से स्वागत किया। अपने दौरे के दौरान, मंत्री ने स्कूल के बुनियादी ढांचे का निरीक्षण किया और कैडेटों और कर्मचारियों से बातचीत की।
अपने संबोधन में संजय सेठ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत’ के दृष्टिकोण को साझा किया, जो 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने का लक्ष्य रखता है, जब भारत अपनी स्वतंत्रता की शताब्दी मनाएगा। उन्होंने बताया कि यह परिवर्तनकारी रोडमैप समावेशी विकास, सतत प्रगति और प्रभावी शासन पर जोर देता है। उन्होंने कैडेटों से सफलता प्राप्त करने के लिए तीन मुख्य सिद्धांतों कृ समर्पण, अनुशासन और भक्ति कृ को अपनाने का आग्रह किया, जो नेतृत्व करने की इच्छा रखने वाले हर व्यक्ति के लिए आवश्यक गुण हैं। उन्होंने कैडेटों के साथ कई प्रेरक उपाख्यान साझा किए, जो उनकी प्रेरणा को जागृत करने के लिए थे। इसके साथ ही उन्होंने कैडेटों को अपने माता-पिता, शिक्षकों और बड़ों का आदर करने की सलाह दी। उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय सशस्त्र बलों के भविष्य के मार्गदर्शक के रूप में उन्हें राष्ट्र की सेवा के प्रति अडिग समर्पण दिखाना चाहिए और राष्ट्र की भलाई को हमेशा प्राथमिकता देनी चाहिए।
प्रिंसिपल, ग्रुप कैप्टन विजय सिंह डंगवाल ने स्कूल के विकास और प्रगति के लिए रक्षा राज्य मंत्री के व्यावहारिक मार्गदर्शन और अटूट समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया। यात्रा का समापन ग्रुप कैप्टन डंगवाल द्वारा मुख्य अतिथि को स्मारिका भेंट करने के साथ हुआ। संजय सेठ का यह दौरा कैडेटों और कर्मचारियों के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बनकर उभरा और स्कूल के मिशन को और अधिक सशक्त किया, जो सशस्त्र बलों और राष्ट्र के लिए भविष्य के नेताओं को तैयार करने के लिए समर्पित है।

RELATED ARTICLES
- Advertisment - 

Most Popular

Recent Comments