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Friday, April 24, 2026
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पर्यावरण संरक्षण की पहल, लाल पानी में निर्माणधीन एकीकृत ठोस अपशिष्ट प्लांट का डीएम ने किया स्थलीय निरीक्षण

देहरादून। जिलाधिकारी ने सोमवार को ऋषिकेश के लालपानी क्षेत्र में निर्माणाधीन एकीकृत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (इंटीग्रेटेड सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट) प्लांट का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता एवं समयबद्धता की समीक्षा की। ऋषिकेश अमित ग्राम में नगर निगम के माध्यम से 23.15 करोड़ की लागत से 240 मेट्रिक टन पर डे ठोस अपशिष्ट प्रोसेसिंग प्लांट का निर्माण कार्य प्रगति पर है। कार्यदाई संस्था निकाफ कंपनी को इस प्लांट के निर्माण का जिम्मा सौंपा गया था। कंपनी द्वारा दिसंबर 2025 में कार्य पूर्ण किया जाना था, परंतु कंपनी द्वारा अभी तक मौके पर 60 प्रतिशत कार्य किया गया है। जिलाधिकारी ने इस पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए नगर निगम और कार्यदायी संस्था को फटकार लगाई। डीएम ने अनुबंध की निर्धारित शर्तो और टाइम लाइन का पूरा ब्यौरा और प्लांट निर्माण के कार्यों में परिलक्षित समस्याओ की रिपोर्ट तलब की है। प्लांट में अभी तक एलटीपी मशीनें सेटअप न होने पर भी डीएम ने नगर आयुक्त को फोलोअप करने और मशीन इंस्टालेशन कार्यो को तेजी से पूरा कराने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्लांट का निर्माण निर्धारित मानकों के अनुरूप किया जाए तथा कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। उन्होंने कहा कि यह प्लांट क्षेत्र में ठोस अपशिष्ट के वैज्ञानिक निस्तारण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, जिससे स्वच्छता व्यवस्था सुदृढ़ होगी और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। निरीक्षण के दौरान डीएम ने प्लांट में स्थापित की जा रही मशीनरी, कचरा पृथक्करण व्यवस्था, लीचेट ट्रीटमेंट और भविष्य की संचालन योजना की भी जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्य को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण कर प्लांट को शीघ्र संचालित किया जाए। इस अवसर पर महापौर नगर निगम ऋषिकेश शंभू पासवान, मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, नगर आयुक्त गोपाल राम बिनवाल, परियोजना निदेशक विक्रम सिंह जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार सहित कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधि तथा अन्य कर्मचारी मौजूद थे।

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