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Thursday, July 23, 2026
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भारत का संविधान दुनिया के लिखित संविधानों में सबसे बड़ा संविधान: मुख्य सचिव

देहरादून: मुख्य सचिव डॉ. एस. एस. संधु ने बुधवार को सचिवालय में गणतंत्र दिवस के अवसर पर ध्वजारोहण कर सचिवालय के सभी अधिकारियों कर्मचारियों को गणतंत्र दिवस की बधाई एवं शुभकामनाएं दी।

इस अवसर पर मुख्य सचिव ने कहा कि भारत का संविधान दुनिया के लिखित संविधानों में सबसे बड़ा संविधान है, जिसमें दुनिया के सभी संविधानों के अच्छे बिंदुओं का समावेश किया गया है।

मुख्य सचिव ने कहा कि ये एक चमत्कार ही है कि भारत के संविधान में दुनिया के सभी लिखित और बिना लिखे संविधानों की अच्छी बातों को जोड़कर यह संविधान बनाया गया है। ज्यादातर देशों में काफी हद तक जनसंख्या में समानता है, परंतु हमारे देश में गरीबी, जनसंख्या, निरक्षरता और भाषाई विभिन्नता होने के बावजूद, एक सफल लोकतांत्रिक देश के रूप में अस्तित्व बनाए रखना किसी चमत्कार से कम नहीं। उन्होंने कहा कि हमारे संविधान को बनाने और इसमें एक-एक शब्द को रखने या हटाए जाने पर कई कई दिन डिबेट हुई है।

मुख्य सचिव ने समानता पर बल देते हुए कहा कि सचिवालय के परिपेक्ष में समानता की प्रासंगिकता और ज्यादा हो जाती है। हमें इस बात पर फोकस करने की आवश्यकता है कि देश और प्रदेश के सबसे गरीब आदमी को न्याय मिल सके। दूरस्थ क्षेत्रों के गरीब और आमजन अपनी समस्याओं को लेकर सचिवालय तक नहीं आ सकते। उनकी इन समस्याओं को हल करने के लिए हमें लगातार प्रयास करने होंगे। इसके लिए ई-गवर्नेंस और ई-ऑफिस को पूर्ण रूप से इंप्लीमेंट करने की आवश्यकता है। इससे दूरस्थ क्षेत्रों के गरीब तबके को भी अपनी समस्याओं को सचिवालय, मुख्य सचिव और मुख्यमंत्री तक पहुंचाने में आसानी होगी। ई-ऑफिस के माध्यम से एक आम आदमी जो यहां तक नहीं पहुंच पाता कॉमन सर्विस सेंटर या अन्य ऑनलाइन साधनों के माध्यम से अपनी समस्याओं को सरकारी सिस्टम तक पहुंचा सकेगा और इसकी मॉनिटरिंग भी आसानी से हो सकेगी।

इस मौके पर मुख्य सचिव ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर सचिवालय एथलेटिक्स एंड फिटनेस क्लब द्वारा आयोजित दौड़ प्रतियोगिता के लिए महिला एवं पुरुष धावकों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया।

इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, आनन्द वर्धन, प्रमुख सचिव, सचिव, अपर सचिव एवं अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित थे।

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