Latest news
सीएम के निर्देश पर गुलरघाटी राजकीय अन्न भण्डारण अनियमितता पर डीएम का विशेष शक्तियों अन्तर्गत सख्त प्... मृदा एवं जल संरक्षण संस्थान ने वन सेवा प्रशिक्षुओं के लिए आयोजित किया प्रशिक्षण कार्यक्रम खनन मामले में हाईकोर्ट में पेश हुए खनन सचिव, अगली सुनवाई 15 अपै्रल को मियांवाला का नाम रामजीवाला किए जाने पर सीएम का आभार व्यक्त किया यंग उत्तराखंड के सदस्यों ने सीएम धामी से की भेंट 30 सालों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए जलापूर्ति की कार्ययोजना बनाई जाएः मुख्यमंत्री संरक्षित पशु को काटने के आरोप में छह गिरफ्तार मुख्य सचिव ने विभिन्न विषयों पर शहरी विकास एवं सिंचाई विभाग के साथ बैठक की श्रमिकों के हितों की सुरक्षा करना उनकी सरकार की प्राथमिकताः सीएम धामी बेकाबू बस अनियंत्रित होकर क्लीनिक में घुसी, कई यात्री घायल

[t4b-ticker]

Friday, April 4, 2025
Homeउत्तराखण्डयूकेडी ने की सहकारी बैंक भर्ती निरस्त कराने के साथ, एसआईटी या...

यूकेडी ने की सहकारी बैंक भर्ती निरस्त कराने के साथ, एसआईटी या विजिलेंस से जांच कराने की मांग

देहरादून: उत्तराखंड क्रांति दल ने सहकारी बैंक भर्ती निरस्त कराने के साथ ही इस घोटाले की एसआईटी जांच अथवा विजिलेंस से जांच कराने की मांग की। उत्तराखंड क्रांति दल के केंद्रीय मीडिया प्रभारी शिव प्रसाद सेमवाल ने कहा कि यदि यह भर्तियां निरस्त नहीं हुई और एसआईटी जांच नहीं की गई तो फिर उत्तराखंड क्रांति दल व्यापक जन आंदोलन शुरू करेगा।

यूकेडी नेता शिव प्रसाद सेमवाल ने पत्रकार वार्ता कर, कहा कि सहकारी भर्ती घोटाले की जांच सहायक निबंधक स्तर के अधिकारी कर रहे हैं जबकि भर्ती करवाने में सहकारी बैंक के निबंधक व चेयरमैन की भूमिका है। ऐसे में कोई भी जूनियर अफसर कैसे सीनियर अफसर की जांच कर सकता है !

सेमवाल ने यह भी आरोप लगाया कि इंटरव्यू के लिए 10 नंबर रखे गए थे जबकि इंटरव्यू कमेटी में शामिल तीन सदस्यों मे प्रत्येक ने अभ्यर्थियों को 10-10 नंबर दिए हैं। अर्थात 10 नंबर के कुल इंटरव्यू में से कईयों को 30 नंबर तक मिले हैं। जबकि भाजपा सरकार मे ही तत्कालीन मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूरी वर्ग 3 और 4 की भर्तियों में इंटरव्यू व्यवस्था समाप्त कर चुके हैं।

 यूकेडी के केंद्रीय महामंत्री सुनील ध्यानी ने बताया कि अधिकांश अभ्यर्थियों के खेलकूद तथा अनुभव प्रमाण पत्र भी फर्जी हैं।

 महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष सुलोचना ईस्टवाल ने कहा कि अधिकांश बैंक कर्मियों के खातों में मार्च के महीने में भारी मात्रा में रुपयों का लेनदेन हुआ है। इसके अलावा बड़ी संख्या में बैंक कर्मियों और बैंक से संबंधित नेताओं के  सगे रिश्तेदार नौकरी लगे हैं। इससे साफ जाहिर है कि बड़े स्तर पर भर्ती मे घोटाला हुआ है। यूकेडी नेता शिव प्रसाद सेमवाल ने अल्टीमेटम दिया है कि यदि विभागीय जांच के नाम पर लीपापोती की गई और एसआईटी जांच नहीं की गई तो फिर उत्तराखंड क्रांति दल सड़कों पर उतरकर जन आंदोलन करेगा, जिसका खामियाजा भाजपा सरकार को ही भुगतना होगा।

 पत्रकार वार्ता में यूकेड़ी के केंद्रीय मीडिया प्रभारी शिव प्रसाद सेमवाल के साथ महामंत्री सुनील ध्यानी और महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष सुलोचना ईष्टवाल मौजूद थे।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments