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Wednesday, October 21, 2026
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अल्ट्रासाउंड व समस्त रेडियो डायग्नोस्टिक सेंटर संचालन के कडे़ मानक तयः डीएम

देहरादून। जिला प्रशसान ने जिले में संचालित एवं प्रस्तावित अल्ट्रसाउंड व समस्त रेडियो डायग्नोस्टिक सेंटरों के पंजीकरण एवं नवीनीकरण को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। जिलाधिकारी सविन बंसल के सख्त निर्देश हैं कि किसी भी डायग्नोस्टिक सेंटर का संचालन जनसुरक्षा मानकों निर्धारित मानकों के पूर्ण अनुपालन के बिना नहीं किया जाएगा। जिला प्रशासन ने चिकित्सालयों एवं जिले अन्य स्थानों पर अवस्थित अल्ट्रासांउड केन्द्र व समस्त रेडिया डायग्नोस्टिंग सेंटर के पंजीकरण हेतु जनमानस की सुरक्षा में सख्त कदम उठाए गए हैं। विगत छ माह से जिला प्रशासन द्वारा मानकों पर खरे उतरने वाले डायग्नोस्टिग सेंटर के नये पंजीकरण एवं पूर्व से संचालित सेंटर के पंजीकरण नवीनीकरण किये जा रहे है।
जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि सभी अस्पतालों, अल्ट्रासाउंड एवं समस्त रेडियो डायग्नोस्टिक सेंटरों को अनिवार्य रूप से क्लीनिकल एसटबलिसमेंट एक्ट 2010 के प्रावधानों का पालन करना अनिवार्य है। इसके अतिरिक्त बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स के तहत बायोमेडिकल कचरे के सुरक्षित निस्तारण की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करना आवश्यक होगा। अल्ट्रासाउंड सेवाएं प्रदान करने वाले केंद्रों के लिए पीसीपीएनडीटी अधिनियम का अनुपालन भी अनिवार्य किया गया है।
उन्होंने कहा कि पंजीकरण अथवा नवीनीकरण की प्रक्रिया के दौरान मानकों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा, जिनमें स्वच्छता एवं सफाई व्यवस्था, भवन की संरचनात्मक सुरक्षा (बिल्डिंग सेफ्टी), अग्नि सुरक्षा (फायर सेफ्टी) के प्रमाण पत्र, बायोमेडिकल वेस्ट निस्तारण की वैध व्यवस्था एवं प्रमाण पत्र एवं सीवेज ट्रीटमेंट की अनिवार्य व्यवस्था के साथ ही प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की एनओसी प्रस्तुत करनी होगी।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी आवेदनों की गहन जांच करते हुए केवल उन्हीं केंद्रों को पंजीकरण व नवीनीकरण प्रदान किया जाए जो सभी मानकों पर पूर्णतः खरे उतरते हों। किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बनाए रखने एवं आमजन की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए इन मानकों का कड़ाई से अनुपालन कराया जाएगा।

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