Latest news
महिला आरक्षण पर विशेष सत्र स्वागतयोग्य, कांग्रेसी प्रदर्शन ढोंगः महेंद्र भट्ट आपदा सुरक्षित उत्तराखण्ड के निर्माण में बड़ी पहल युवा राष्ट्रहित के लिए सदैव खड़े रहेंः डॉ. धन सिंह रावत प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत 14 ग्रामों के समग्र विकास पर जोर चारधाम यात्रा से खिलवाड़ पर सख्त कार्रवाई, भ्रामक वीडियो पर एफआईआर दर्ज टिहरी में नैल-कोटी कॉलोनी मार्ग पर वाहन दुर्घटना में आठ लोगों की मौत उपराष्ट्रपति ने एम्स ऋषिकेश के छठे दीक्षांत समारोह को संबोधित किया बदरीनाथ धाम के कपाट खुले, आस्था और उल्लास से गूंजा धाम मुख्यमंत्री धामी पहुंचे भारत के प्रथम सीमांत गांव माणा, विकास कार्यों का लिया जायजा मुख्यमंत्री धामी ने ग्राउंड जीरो पर उतरकर बद्रीनाथ धाम मास्टर प्लान की गहन समीक्षा की

[t4b-ticker]

Friday, April 24, 2026
Homeअपराधडॉक्टर पत्नी की पीटकर हत्या, 321 किलोमीटर दूर ले जाकर किया अंतिम...

डॉक्टर पत्नी की पीटकर हत्या, 321 किलोमीटर दूर ले जाकर किया अंतिम संस्कार

देहरादून: उत्तर प्रदेश एक डॉक्टर ने अपनी पत्नी की पीटकर हत्या कर दी। इसके बाद उसके शव को अपने ही अस्पताल में छुपा दिया। फिर करीब 321 किलोमीटर दूर ले जाकर उसका अंतिम संस्कार कर दिया।

जानकारी के अनुसार यूपी के लखीमपुर खीरी में एक डॉक्टर ने अपनी पत्नी की हत्या कर दी। इसके बाद उसके शव को बक्से में बंद कर अपने ही अस्पताल में ले गया। वहां से एंबुलेंस के जरिए शव को गढ़मुक्तेश्वर ले गया और उसे जला दिया। आरोपी डॉक्टर ने इसके बाद थाने पहुंच कर पत्नी के लापता होने की रिपोर्ट भी दर्ज कराई। मृतका के पिता डीएम गोंडा के ओएसडी पद पर तैनात हैं। पुलिस ने जब कड़ाई से पति से पूछताछ की तो मामला खुल गया। इस वारदात में आरोपी डॉक्टर का उसके पिता ने भी साथ दिया। लखीमपुर खीरी पुलिस ने आरोपी बाप और बेटे को गिरफ्तार कर लिया है।

जानकारी के मुताबिक ईसानगर थाना क्षेत्र के गांव रायपुर में रहने वाले शिवराज शुक्ला डीएम गोंडा के ओएसडी हैं। उन्होंने बेटी वंदना की वर्ष 2014 में लखीमपुर शहर के मोहल्ला बहादुरनगर निवासी अभिषेक दीक्षित से शादी कराई थी। वंदना ने बीएएमएस किया था। वहीं उसका पति अभिषेक भी बीएएमएस डॉक्टर है। दोनों ने सीतापुर रोड पर गौरी नाम से हॉस्पिटल बनवाया था और उसी में प्रैक्टिस करते थे। धीरे-धीरे उनके बीच विवाद शुरू हो गए। इसके बाद वंदना चहमलपुर के लक्ष्मी नारायण हॉस्पिटल में प्रैक्टिस करने लगी, उनके बीच मारपीट भी होती थी।

सीओ सिटी संदीप सिंह ने बताया कि 26 नवंबर को पति अभिषेक और उसके पिता गौरी शंकर अवस्थी ने वंदन को घर पर डंडों से पीटा। पिटाई के दौरान वंदना की मौत हो गई। दोनों ने वंदना के शव को बक्से में बंद कर दिया। देर रात रेलवे स्टेशन से एक पिकअप किराए पर ली, उसमें वंदना का शव अपने गौरी हॉस्पिटल ले गए। रात भर शव को अस्पताल में ही रखा। सुबह एक एंबुलेंस किराए ली, उससे वंदना के शव को करीब 321 किलोमीटर दूर गढ़मुक्तेश्वर ले गए। वहां 1300 की पर्ची कटाकर अंतिम संस्कार कर दिया।

आरोपी पति ने 27 नवंबर की शाम मृतका के पिता को सूचना दी कि उनकी बेटी कही चली गई है। पिता लखीमपुर आए और पति के साथ जाकर कोतवाली सदर में वंदना की गुमशुदगी दर्ज कराई। पुलिस ने जांच शुरू की तो घटना का खुलासा हुआ। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया, उनसे पूछताछ की गई तो आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। पुलिस ने दोनों को जेल भेज रही है।

RELATED ARTICLES
- Advertisment - 

Most Popular

Recent Comments