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Sunday, September 20, 2026
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सीएम धामी ने रायपुर व थानो के आपदा ग्रस्त क्षेत्रों की स्थिति का लिया जायजा, अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश

देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को देहरादून के रायपुर व थानो क्षेत्र के विभिन्न आपदा ग्रस्त क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण के बाद सचिवालय में आपदा प्रबन्धन कन्ट्रोल रूम में आपदा से उत्पन्न स्थिति का जायजा लिया।

साथ ही सीएम धामी ने सचिव आपदा प्रबन्धन के साथ आपदा से जुड़े अन्य उच्चाधिकारियों के साथ भी स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने पौड़ी, टिहरी एवं अल्मोड़ा आदि जनपदों के जिलाधिकारियों से दूरभाष पर वार्ता कर अतिवृष्टि से जनपदों में हुए नुकसान की जानकारी प्राप्त की।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को लापता लोगों को ढूढ़ने, रास्तों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के साथ ही प्रभावितों को खाद्यान्न पेयजल तथा चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिये। मुख्यमंत्री के निर्देश पर वाडिया इंस्ट्यिट एवं हेस्को ने भी अपनी टीम के साथ आपदा ग्रस्त क्षेत्रों का निरीक्षण किया। साथ ही टीम प्रतिवर्ष आपदा से होने वाले नुकसान को रोकने के सम्बन्ध में अपने सुझाव मुख्यमंत्री को देगी।

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि खाद्यान्न, दवाइयां, ईंधन आदि आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई को एक बार फिर से चेक कर लिया जाए। संचार नेटवर्क में कोई समस्या न आए इसके लिये मोबाईल आपरेटर कम्पनियों से लगातार समन्वय रखा जाए।

सीएम ने ऐसा सिस्टम बनाने को कहा कि राज्य मुख्यालय से प्रसारित सूचना सीमान्त क्षेत्रों तक अविलंब पहुंच जाए। सभी विभागीय सचिव और विभागाध्यक्ष आपदा की दृष्टि से अपने-अपने विभागों की नियमित रूप से मॉनिटरिंग करे। आपदा की स्थिति में प्रभावितो के रहने के लिये चिन्हित भवनों और स्थानों का फिर से सुरक्षा की दृष्टि से परीक्षण किया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासन एवं एसडीआरएफ की टीमें निरंतर राहत एवं बचाव कार्यों के साथ ही अन्य व्यवस्थाएं कर रही हैं। राज्य सरकार सेना से भी संपर्क में हैं। अगर हेलीकॉप्टर की अवश्यकता पड़ी तो सेना से भी मदद ली जाएगी। स्टेट के हेलीकॉप्टर को भी आपदा प्रभावित क्षेत्रों के लिए अलर्ट मोड पर रखा गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा में घायल हुए लोगों को मैक्स अस्पताल में भर्ती किया गया है। उन्होंने स्वंय मैक्स अस्पताल जाकर घायलों का हाल चाल जाना तथा उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की है। उन्होंने बताया कि इस आपदा में अब तक चार लोगों की मृत्यु हुई है। 13 लोग घायल हुए हैं तथा 12 लोग लापता है। 5 गौशाला क्षतिग्रस्त हुई हैं तथा 78 पशुओं को हानि हुई है। पर्याप्त संख्या में एसडीआरएफ व एनडीआरएफ की टीमें तैनात हैं। रियल टाईम मानिटरिंग की जा रही हैं। भूस्खलन से रास्ते बंद होने पर तुरंत खोलने के लिए विभिन्न स्थानों पर जेसीबी आदि लगाए गए हैं।

इस अवसर पर सचिव आपदा प्रबन्धन रणजीत सिन्हा, अपर सचिव रिद्धिम अग्रवाल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

इसके पश्चात् मुख्यमंत्री ने अतिवृष्टि से प्रभावित टपकेश्वर मन्दिर क्षेत्र का भी स्थलीय निरीक्षण किया तथा स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को भविष्य में आपदा से होने वाले नुकसान को कम करने की कार्ययोजना पर ध्यान देने के निर्देश दिये। मुख्यमंत्री ने टपकेश्वर मन्दिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की खुशहाली की भी कामना की।

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