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Sunday, September 6, 2026
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मानसून के दौरान जानमाल का नुकसान कम से कम हो इसके लिए विशेष प्रयास किए जाएंः राज्यपाल

देहरादून। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने सोमवार को राजभवन में सचिव आपदा प्रबंधन विनोद कुमार सुमन से मानसून-2024 के अद्यतन जानकारी ली। राज्यपाल ने प्रदेश के कई जनपदों में हो रही भारी बारिश से उत्पन्न स्थिति की जानकारी ली। राज्यपाल ने कहा कि पिछले अनुभवों से सीख लेते हुए संभावित चुनौतियों से निपटने के लिए अपनी तैयारी करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मानसून के दौरान जानमाल का नुकसान कम से कम हो इसके लिए विशेष प्रयास किए जाएं। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया आदि के माध्यम से चलायी जाने वाली फेक न्यूज का खंडन कर ऐसे लोगों के खिलाफ कार्यवाही की जाए। राज्यपाल ने कहा कि संभावित आपदा, भूस्खलन और जलभराव जैसे स्थानों में अलर्ट रहने के निर्देश अधिकारियों को दिए जाएं जिससे लोगों को कम से कम परेशानियों का सामना करना पड़े।
सचिव आपदा प्रबंधन ने इस दौरान राज्यपाल को वर्षा के अद्यतन स्थिति, नदियों तथा बैराज के जलस्तर, मानसून के दौरान क्षतिग्रस्त सड़कों की स्थिति का विवरण, सड़क दुर्घटनाओं में मानव क्षति, विभिन्न स्थलों पर हुए भूस्खलन आदि के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने आपदा के त्वरित प्रतिवादन और बचाव एवं राहत कार्य हेतु किए जा रहे प्रयासों की जानकारी देते हुए बताया कि राज्य सहित प्रत्येक जनपदों में आपदा परिचालन केन्द्र अनवरत रूप से संचालित हैं। राज्य आपदा प्रबंधन हेतु 18 विभागों के नोडल अधिकारी कार्य कर रहे हैं। सीएपी और व्हाट्सएप के माध्यम से आम जनमानस को चेतावनियों का प्रसारण किया जा रहा है। भूस्खलन संभावित क्षेत्रों मे जेसीबी एवं नदियों की निगरानी हेतु ऑटोमेटेड वॉटर लेवल रिकार्डर लगाए गये हैं। 113 बाढ़ चैकियों की स्थापना और समस्त बांध परियोजनाओं को ऑटोमेटिक हाईड्रोलॉजिकल सैंसर स्थापित किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने आश्वस्त किया कि मानसून में किसी भी प्रकार की चुनौती से निपटने के लिए हर स्तर पर तैयारियां पूर्ण हैं।

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