Latest news
डीएम ने अरविंद गैस एजेंसी रेसकोर्स से 13890 गैस कनेक्शन जीवन ज्योति एजेंसी कैनाल रोड में करवाए शिफ्ट शिक्षा विभाग में पदोन्नत हुये चार अधिकारियों को मिली नई जिम्मेदारी रिश्वत प्रकरण में डोईवाला के प्रभारी बीईओ निलंबित मुख्य सचिव ने 25 बिंदु कार्यक्रम के वर्ष 2026-27 के लिए शीघ्र लक्ष्य निर्धारित किए जाने के निर्देश द... हेमवती नंदन बहुगुणा सदैव किसानों और गरीबों के हितों के लिए समर्पित रहेः सीएम राम नगरी में बनेगा धामी सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट राज्य अतिथि गृह मुख्यमंत्री धामी बोले, हिमालयी राज्य आपसी सहयोग और अनुभवों से करें नीति निर्माण उत्तराखंड में डिजिटल जनगणना के प्रथम चरण का फील्ड कार्य 25 अप्रैल से सीएम धामी ने महिला जन आक्रोश रैली में प्रतिभाग किया महिला आरक्षण पर विशेष सत्र स्वागतयोग्य, कांग्रेसी प्रदर्शन ढोंगः महेंद्र भट्ट

[t4b-ticker]

Saturday, April 25, 2026
Homeउत्तराखण्डझंडेवाला स्थित ऐतिहासिक मंदिर दरगाह पर एमसीडी व डीडीए की कार्रवाई के...

झंडेवाला स्थित ऐतिहासिक मंदिर दरगाह पर एमसीडी व डीडीए की कार्रवाई के विरोध में किया प्रदर्शन

देहरादून। दिल्ली के झंडेवाला स्थित ऐतिहासिक मंदिर दरगाह बाबा श्री पीर रतन नाथ जी महाराज (पेशावर वाले) में 29 नवंबर को एमसीडी एवं डीडीए द्वारा की गई बुलडोजर कार्रवाई के विरोध में राजधानी देहरादून के खुड़बुड़ा मोहल्ले में मंदिर दरगाह समिति की ओर से शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया गया। इस दौरान समिति सदस्यों एवं श्रद्धालुओं ने ‘राम नाम’ का पाठ करते हुए पदयात्रा निकाली और पूरे मामले को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस भी आयोजित की।
प्रेस वार्ता में मंदिर दरगाह के प्रधान चंद्र मोहन कपूर सहित समिति के अन्य पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे। वक्ताओं ने बताया कि दिल्ली के झंडेवाला क्षेत्र में स्थित लगभग 1400 वर्ष पुराने ऐतिहासिक बाबा श्री पीर रतन नाथ जी मंदिर परिसर में 29 नवंबर को डीडीए और एमसीडी द्वारा भारी पुलिस बल की मौजूदगी में तोड़फोड़ की गई, जिससे देश-विदेश में बसे श्रद्धालुओं में गहरा रोष व्याप्त है।
समिति के अनुसार कार्रवाई के दौरान मंदिर परिसर की बाउंड्री वॉल, तुलसी वाटिका, जल टंकियां, सीवर लाइन, अस्थायी लंगर हॉल, बिजली पैनल सहित धार्मिक उपयोग में आने वाले कई ढांचों को ध्वस्त कर दिया गया, जिसके कारण लगभग 15 घंटे तक धार्मिक गतिविधियां बाधित रहीं। इस घटना से करोड़ों श्रद्धालुओं एवं सेवक परिवारों की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। समिति ने स्पष्ट किया कि मंदिर दरगाह का वर्ष 1948 से 3803 वर्गगज भूमि पर विधिवत कब्जा है तथा वर्ष 1973 से वैध लीज भी उपलब्ध है। बाबा श्री पीर रतन नाथ जी महाराज से जुड़े सवा करोड़ से अधिक अनुयायी देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ जर्मनी, ऑस्ट्रेलिया, लंदन, अमेरिका, कनाडा एवं नेपाल सहित कई देशों में निवास करते हैं। यह स्थल धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक सेवा का भी महत्वपूर्ण केंद्र रहा है। समिति सदस्यों ने बताया कि अब तक मंदिर प्रबंधन एवं 2500 से अधिक परिवारों द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह तथा दिल्ली सरकार से शांतिपूर्ण एवं न्यायोचित हस्तक्षेप की मांग की गई है। साथ ही मंदिर को उसकी वैध भूमि पर पुनः बाउंड्री वॉल निर्माण की अनुमति दिए जाने की अपील की गई है, ताकि धार्मिक एवं सेवा कार्य निर्बाध रूप से संचालित हो सकें।

RELATED ARTICLES
- Advertisment - 

Most Popular

Recent Comments