Latest news
श्रमिकों के हित सर्वोपरि, टीएचडीसी टनल हादसे की समीक्षा में आयुक्त ने दिए निर्देश मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने जिलाधिकारियों के साथ बैठक कर एसआईआर पर की समीक्षा स्वतंत्रता सेनानियों और युद्ध वीरों को किया नमन मतदाता पुनरीक्षण को लेकर राजनीतिक दलों के साथ डीएम ने की अहम बैठक एशियन ओपन शॉर्ट ट्रैक स्पीड स्केटिंग ट्रॉफी का मुख्यमंत्री ने किया शुभारंभ अतिक्रमण, अवैध फैक्ट्री और आपदा कार्यों में अनियमितता पर डीएम सख्त, अधिकारियों को दिए जांच के निर्दे... जल जीवन मिशन के ठेकेदारों का ढाई वर्षों से लंबित देयकों का भुगतान शीघ्र किए जाएः अग्रवाल उत्तराखण्ड के आपदा प्रबंधन मॉडल से रूबरू हुए श्रीलंका के अधिकारी युवा आयोग की स्थापना से साकार होगी समृद्ध उत्तराखंड की संकल्पनाः भट्ट राष्ट्रीय राजमार्ग का बडा हिस्सा धंसने से ट्रक फंसा

[t4b-ticker]

Saturday, August 22, 2026
Homeउत्तराखण्डतेल-कलश नृसिंह मंदिर जोशीमठ से पूजा अर्चना के पश्चात योग बदरी पांडुकेश्वर...

तेल-कलश नृसिंह मंदिर जोशीमठ से पूजा अर्चना के पश्चात योग बदरी पांडुकेश्वर रवाना

जोशीमठ/पांडुकेश्वर। बदरीनाथ धाम कपाट खुलने की तिथि तय करने की  प्रक्रिया में आज गाडूघड़ा ( तेल-कलश) श्री नृसिंह मंदिर  जोशीमठ से पूजा अर्चना पश्चात योग बदरी पांडुकेश्वर रवाना। पांडुकेश्वर कुबेर महायज्ञ तथा श्रीमदभागवत कथा में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने योग बदरी मंदिर में दर्शन किये तथा तेलकलश का स्वागत किया‌
श्री बदरीनाथ धाम के कपाट  खुलने की तिथि नरेंद्र नगर स्थित राजदरबार में  बसंत पंचमी 14 फरवरी  को  तय होनी है। श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति ( बीकेटीसी) अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने कहा कि श्री बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि तय करने के कार्यक्रम हेतु मंदिर समिति  ने तैयारी शुरू कर दी गयी है मुख्य कार्याधिकारी योगेंद्र सिंह ने मंदिर समिति कर्मचारियों को इस संबंध में निर्देश जारी किये है। 14 फरवरी को ही डिमरी धार्मिक केंद्रीय पंचायत  द्वारा गाडू घड़ा राजमहल को सौंपा जायेगा बाद में राजमहल से गाडू घड़ी में तिलों का तेल पिरोकर कपाट खुलने से पूर्व बदरीनाथ धाम पहुंचता है। कपाट खुलने के बाद यह तेलकलश भगवान बदरीविशाल के नित्य अभिषेक हेतु प्रयोग में लाया जाता है।
बीकेटीसी मीडिया प्रभारी डा. हरीश गौड़ ने बताया कि धार्मिक रस्म के अंतर्गत आज रविवार को श्री नृसिंह मंदिर में बीकेटीसी ने तेलकलश को मंदिर भंडार से डिमरी पंचायत प्रतिनिधियों के सुपुर्द किया गया। उसके बाद श्री नृसिंह मंदिर, वासुदेव मंदिर में पूजा अर्चना पश्चात  डिमरी पंचायत तथा मंदिर समिति अधिकारी गाडू घड़ा  के साथ  योग बदरी पांडुकेश्वर पहुंचे जहां केरल के नंबूदरी संप्रदाय के श्री बदरीनाथ धाम के मुख्य पुजारी रावल ईश्वर प्रसाद नंबूदरी ने पूजा-अर्चना संपन्न की। इससे पहले कुबेर देवरा समिति ने फूलमालाओं से उनका  भब्य स्वागत किया‌ तथा  बीकेटीसी उपाध्यक्ष किशोर पंवार ने गाडू घड़ा तथा डिमरी पंचायत प्रतिनिधियों की अगवानी की।
12 फरवरी  प्रातः योग बदरी पांडुकेश्वर में पूजा अर्चना पश्चात गाडू घड़ा श्री नृसिंह मंदिर जोशीमठ पहुंचेगा दिन के भोग के बाद गाडू घड़ा श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर डिम्मर पहुंचेगा। 13 फरवरी को तेलकलश डिम्मर (चमोली) से मंदिर समिति के चंद्रभागा स्थित धर्मशाला पहुंचेगा तथा 14 फरवरी  बसंत पंचमी को तेलकलश राजमहल नरेंद्र नगर पहुंचेगा बसंत पंचमी को श्री बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि तय हो जायेगी इसी दिन गाडू घड़ा तेलकलश यात्रा की भी तिथि तय होगी। श्री बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने से पूर्व गाडू घड़ा तेलकलश श्री नृसिंह मंदिर, योग बदरी पांडुकेश्वर होते हुए श्री बदरीनाथ धाम पहुंच जायेगा। आज इस कार्यक्रम के अवसर पर ब्रिगेड कमांड जोशीमठ ब्रिगेडियर एम एस ढिल्लन सहित बीकेटीसी उपाध्यक्ष किशोर पंवार, श्रीमद्भागवत कथा व्यास आचार्य भुवन चंद्र उनियाल  कुबेर देवरा समिति पदाधिकारी अनूप भंडारी, राजेश मेहता, प्रधान बबीता पंवार डिमरी धार्मिक केंद्रीय पंचायत प्रतिनिधि सुरेश डिमरी, ज्योतिष डिमरी, मंदिर समिति  मुख्य प्रशासनिक अधिकारी गिरीश चैहान, मंदिर अधिकारी राजेंद्र चैहान, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी बिजेंद्र बिष्ट, प्रशासनिक अधिकारी कुलदीप भट्ट विवेक थपलियाल,‌लेखाकार भूपेंद्र रावत, जगमोहन बर्त्वाल, जेई गिरीश रावत श्री नृसिह मंदिर प्रभारी संदीप कपरवाण, संदेश मेहता, पुजारी हनुमान प्रसाद डिमरी,परमेश्वर डिमरी, भगवती सेमवाल,नवीन भंडारी,दिनेश भट्ट आदि मौजूद रहे।
————————————-

RELATED ARTICLES
- Advertisment - 

Most Popular

Recent Comments