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Thursday, October 22, 2026
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लोन के नाम पर ठगी कर रहे दो फर्जी कॉल सेंटरों पर एसटीएफ ने कसा शिकंजा, दो महिलाओं समेत पांच गिरफ्तार

देहरादून: देहरादून में बैठकर देश के लोगों से ठगी कर रहे दो फर्जी कॉल सेंटरों को एसटीएफ ने धर दबोचा है। इन सेंटरों से लोगों को मोबाइल टावर लगवाने और ऑनलाइन लोन देने का झांसा देकर ठगी की जा रही थी। प्रधानमंत्री योजना से जुड़े लोन दिलाने का झांसा देकर भी यह गैंग ठगी कर रहा था।

दोनों ही स्थानों से दो महिलाओं समेत पांच लोग गिरफ्तार किए गए। इस गैंग में शामिल बाकी लोगों की भी तलाश की जा रही है। इससे पहले, रविवार को एसटीएफ ने न्यू रोड पर विदेशियों को ठगने वाला कॉल सेंटर पकड़ा था।

एसटीएफ के एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि गोपनीय सूचना पर अनुराग चौक स्थित एक कॉम्प्लेक्स में छापा मारा। यहां रेस्टोरेंट के ऊपर कोचिंग सेंटर का बोर्ड लगाकर अंदर दफ्तर चल रहा था। दो युवक लैपटॉप पर काम करते मिले। टीम को देखते ही वे भागने का प्रयास करने लगे।

आरोपियों ने बताया कि उन्होंने बल्क मैसेज सर्विस ली थी। वे अलग अलग नंबरों से लोगों को लोन के मैसेज भेजते थे। इसके बाद लोगों से दस्तावेज मंगाए जाते थे। रजिस्ट्रेशन के नाम पर शुरुआत में 600 रुपये लिए जाते। फिर एक हजार रुपये इंश्योरेंस के नाम पर जमा कराए जाते थे।

10 से 15 हजार रुपये सर्विस टैक्स और 10 हजार रुपये सिक्योरिटी मनी मांगी जाती थी। 10 से 15 हजार रुपये फर्जी खाते में जमा कराए जाते थे। इसके बाद 10 दिन का समय मांगा जाता था। दो-तीन दिन फोन रिसीव करते थे। फिर फोन बंद कर देते थे। इस तरह लोगों से 50 से 60 हजार रुपये जमा करा लिए जाते थे।

रेस्टोरेंट के ऊपर चल रहे सेंटर में 12 युवतियां भी काम करती थीं। कार्रवाई की भनक लगने पर वे सामान छोड़ भाग निकलीं। इन सबने सात-आठ माह में लोगों से तकरीबन 60 से 70 लाख ठगे। पीड़ितों का नाम पता करने के लिए भी फोन नंबरों की जांच की जा रही है। 

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